Supercomputer

सुपर कम्प्यूटर क्या है और इसमें कौन सा ऑपरेटिंग सिस्टम होता है?

Explainer

सुपर कम्प्यूटर यानी की एक ऐसी मशीन जो बड़ी से बड़ी कैलकुलेशन भी सेकेंड के लाखवें हिस्से में कर ले. किसी भी कंप्यूटर को इस काबिलियत के आधार पर सुपर कहा जाता है कि वह कितना बड़ा कैलकुलेशन कितनी जल्दी कर लेता है. 

सुपरकम्प्यूटर की गति की गणना फ्लॉप्स यानी की Floating Points Operation Per Second FLOPS  में की जाती है. साधारण कम्प्यूटर में कार्य की गणना MIPS यानी की Million Instructions Per Second (MIPS) में की जाती है.

आधुनिक युग के सुपरकम्प्यूटर में हजारों प्रोसेसर होते हैं जो प्रति सेकंड अरबों और ट्रिलियन गणना करने में सक्षम होते हैं. सुपरकंप्यूटर समांतर प्रसंस्करण यानी की Parallel Processing के आधार पर काम करते हैं. प्रत्येक काम को कई भागों में विभाजित किया जाता है और प्रत्येक माइक्रोप्रोसेसर हर भाग में दिए गए कार्य को करता है.

सुपर कम्प्यूटर में ऑपरेटिंग सिस्टम

नये ज़माने के सुपरकम्प्यूटर में लिनक्स ऑपरेटिंग सिस्टम का इस्तेमाल किया जाता है हालांकि मैन्युफैक्चरर अपनी जरुरत के हिसाब से ऑपरेटिंग सिस्टम को चेंज भी कर लेते हैं. लिनक्स के आलावा bullx SCS, SUSE CentOS और Cray लिनक्स जैसे ऑपरेटिंग सिस्टम का इस्तेमाल भी किया जाता है.

सुपर कंप्यूटर से होने वाले काम

सुपरकंप्यूटर की जरुरत वैज्ञानिक और इंजीनियरिंग प्रयोगों जिनमें बहुत ज्यादा डेटाबेस और हाई लेवल के कैलकुलेशन की गणना की जाती है, के लिए इस्तेमाल किया जाता है. लेकिन बदलते समय के साथ सुपरकंप्यूटर से लिया जाने वाला काम भी बदल गया है.

सुपरकंप्यूटर बहुत तेज, शक्तिशाली और महंगे होते हैं इसलिए इसका उपयोग वहीँ पर किया जाता है जहाँ पर बहुत बड़ा और तेजी से कैलकुलेशन करना होता इसके अलावा स्पेशल ऑपरेशनों में भी इसकी जरूरत होती है. 

सुपर कम्प्यूटर का प्रयोग

  1. जलवायु अनुसंधान (Climate Research)
  2. मौसम की भविष्यवाणी (Weather Forecasting)
  3. तेल और गैस की खोज (Oil and Gas Exploration)
  4. शारीरिक सिमुलेशन (Physical Simulations)
  5. आणविक मॉडलिंग (Molecular Modeling)
  6. क्वांटम यांत्रिकी (Quantum Mechanics)
  7. एनिमेटेड ग्राफिक्स (Animated Graphics)
  8. परमाणु ऊर्जा अनुसंधान (Nuclear Energy Research)
  9. तरल गतिशील गणना (Fluid Dynamic Calculations)
  10. कोड ब्रेकिंग (Code-Breaking)
  11. जेनेटिक एनालिसिस (Genetic Analysis)

जैसे शोध में की जाती है.

सुपर कंप्यूटर की कीमत

सुपर कंप्यूटर की कीमत इस बात पर निर्भर करती है कि यह कितनी फ्लोटिंग पॉइंट पर सेकंड्स की गति से गणना कर सकता है. सुपरकंप्यूटर जितना तेज होगा वह उतना ही महंगा होगा इसलिए सुपरकंप्यूटर को बनाने और इस्तेमाल करना इतना आसान नहीं होता है. सामान्य सुपरकंप्यूटर लगभग $20,000 में खरीदा जा सकता है लेकिन बड़े सुपरकंप्यूटर की कीमत 300 मिलियन अमेरिकी डॉलर तक पहुँच जाती है.

सबसे तेज सुपर कम्प्यूटर

विश्व के दो सबसे तेज सुपर कंप्यूटर अब अमेरिका के हैं. इन दोनों कंप्यूटर के नाम हैं; Summit and Sierra. ये दोनों IBM टेक्नॉलोजी का का उपयोग करते हैं. Summit को जून, 2018 में दुनिया के सबसे तेज कंप्यूटर का ताज पहनाया गया था, उसने गणितीय परीक्षण LINPACK का प्रदर्शन प्रति सेकंड 122.3 पेटाफ्लॉप्स प्रति सेकंड पर किया था.

Summit के पहले चीन का सनवे ताइहुलाइट (Sunway TaihuLight) विश्व का सबसे तेज कंप्यूटर था. जिसका अनुमानित मूल्य 273 मिलियन अमेरिकी डॉलर है.  कुल मिलाकर, सबसे तेज 10 सुपर कंप्यूटरों में से पांच अमेरिकी हैं, दो चीनी हैं, जबकि स्विट्जरलैंड, जापान और जर्मनी में से प्रत्येक में एक-एक है.

भारत का सबसे तेज़ सुपर कम्प्यूटर

प्रत्यूष (Cray XC40) भारत का सबसे तेज़ सुपरकंप्यूटर है. इसकी मैमोरी 1.5 टेरा बाइट है. प्रत्यूष का उद्घाटन 8 जनवरी 2018 को केन्द्रीय पृथ्वी विज्ञान मंत्री डॉ हर्षवर्धन द्वारा किया गया था और यह पुणे में भारतीय उष्णकटिबंधीय मौसम विज्ञान संस्थान‘ (आईआईटीएम) में स्थित है. भारत के सुपर कंप्यूटर की टॉप स्पीड 42.56 TFLOPS/s है जबकि चीन के सुपरकंप्यूटर की टॉप स्पीड 125,436 TFLOPS/s है.

भारत के सुपर कम्प्यूटर्स

  1. प्रत्यूष (Cray XC40),
  2. मिहिर (Cray XC40)
  3. InC1 – Lenovo C1040
  4. SERC – Cray XC40
  5. iDataPlex DX360M4
  6. परम सीरीज