Kim Jong Un

Kim Jong Un के मौत की ख़बर कहां से आई, उनकी जगह कौन ले सकता है?

Vyakti Vishesh

36 साल के Kim Jong Un, उत्तर कोरिया के सबसे बड़े नेता हैं. उन्होंने साल 2011 में उत्तर कोरिया की कमान संभाली. साल 2012 में उन्होंने Worker’s Party of Korea के चेयरमैन का पद संभाला. किम जोंग उन, किम जोंग इल के दूसरे बेटे हैं, उनके पिता किम जोंग इल कोरिया के दूसरे नेता थे जो 1994 से 2011 तक गद्दी पर रहे. Kim Jong UN उत्तर कोरिया के संस्थापक किम ल सुंग के पोते हैं. किम सुंग उत्तर कोरिया के बनने के बाद से अपनी मौत तक उत्तर कोरिया नेतृत्व किया. यानी की साल 1948 से लेकर 1994 तक.

किम जोंग उन की बीमारी की ख़बर कैसे आई –

15 अप्रैल को अपने दादा के जन्मदिन के समारोह में किम जोंग उन शामिल नहीं हुए. ये देश के लिए साल के सबसे बड़े आयोजनों में से एक होता है. किम जोंग उन के दादा उत्तर कोरिया के संस्थापक थे. किम जोंग उन ने भी इस कार्यक्रम को कभी मिस नहीं किया. ये लगभग असंभव सा लगता है कि वे इस कार्यक्रम में न आने का फ़ैसला करें. इसके बाद ही उनकी ग़ैर मौजूदगी को लेकर अटकलों का दौर शुरू हुआ.

सरकारी मीडिया में उन्हें आख़िरी बार 12 अप्रैल को दिखाया गया था, जब वे लड़ाकू विमानों का निरीक्षण कर रहे थे. पिछले सप्ताह जब उत्तर कोरिया की सरकारी मीडिया ने मिसाइल टेस्ट की जानकारी दी, तब भी उसनें किम जोंग उन की उपस्थिति का कोई ज़िक्र नहीं था.

अच्छे दिनों में भी उत्तर कोरिया से रिपोर्टिंग बहुत मुश्किल होती है. कोविड-19 के कारण जनवरी के अंत में उत्तर कोरिया ने अपनी सीमाएँ बंद कर दी थी. ऐसे में रिपोर्टिंग और भी मुश्किल हो गई है. मंगलवार को उत्तर कोरिया से भागे लोगों की एक वेबसाइट पर किम जोंग उन के ख़राब स्वास्थ्य के बारे में दावा किया गया. समाचार एजेंसियों ने भी इस दावे को चलाना शुरू किया.

मित्र देशों ने क्या कहा

दक्षिण कोरिया ने कहा है कि वे रिपोर्ट्स सच नहीं हैं, जिनमें कहा गया है कि उत्तर कोरिया के नेता किम जोंग उन दिल की सर्जरी के बाद गंभीर रूप से बीमार हैं. दक्षिण कोरिया में राष्ट्रपति कार्यालय ने कहा है कि इस बारे में कोई संकेत नहीं हैं कि 36 वर्षीय किम जोंग उन गंभीर रूप से बीमार हैं.

चीन की ख़ुफ़िया एजेंसी के एक सूत्र ने समाचार एजेंसी रॉयटर्स को बताया है कि ये सही नहीं है. लेकिन ये बात भी ध्यान देने योग्य है कि किसी ने भी इस बात से इनकार नहीं किया है कि किम जोंग उन की हार्ट सर्जरी हुई है. दक्षिण कोरिया और चीन ने सिर्फ़ इससे भर इनकार किया है कि किम जोंग उन गंभीर रूप से बीमार हैं.

पहले भी रहे हैं ग़ायब

किम जोंग उन साल 2014 में वे शुरुआती सितंबर से 40 दिनों के लिए ग़ायब रहे. जिसके बाद कई तरह की अफ़वाहें उड़ीं. इनमें एक अफ़वाह ये भी थी कि विद्रोह के बाद उन्हें सत्ता से हटा दिया गया है. हालांकि बाद में वे एक तस्वीर में छड़ी के साथ दिखे. सरकारी मीडिया ने उस समय ये तो माना कि वे किसी कष्टप्रद शारीरिक परेशानी में थे. लेकिन उस अफ़वाह पर कुछ नहीं कहा, जिसमें कहा गया था कि उन्हें गठिया हो गया है.

कौन बनेगा उत्तराधिकारी

किम की बहन Kim Yo Jong उत्तराधिकारी बनने की स्पष्ट पसंद दिखती हैं. वो किम साम्राज्य के ख़ून का हिस्सा हैं. साथ ही वे कई बार अपने बलबूते ख़बरों में भी बनी रहती हैं. पिछले सप्ताह उन्होंने पहली बार कोई सार्वजनिक बयान दिया था. महत्वपूर्ण सम्मेलनों में उन्हें अपने भाई के साथ हमेशा देखा जा सकता है.

हाल में ही किम जोंग उन की शक्तिशाली छोटी बहन Kim Yo Jong को निर्णय लेने वाले प्रमुख निकाय में फिर से नियुक्त किया गया था. सरकारी मीडिया ने रविवार को यह बेहद अहम जानकारी दी थी. कोरियन सेंट्रल न्यूज एजेंसी के मुताबिक अपने भाई की लंबे समय से करीबी सलाहकार रहीं, किम यो जोंग को शीर्ष अधिकारियों के पदक्रम में शनिवार को हुए फेरबदल के बाद केंद्रीय समिति के राजनीतिक ब्यूरो का फिर से वैकल्पिक सदस्य चुना गया.

Kim Yo Jong की दोबारा नियुक्ति पर फैसला लेने के लिए बैठक की अध्यक्षता स्‍वयं किम जोंग उन ने की थी. विश्लेषकों का कहना है कि किम यो जोंग को पिछले साल उनके भाई और उत्तर कोरिया के सबसे ताकतवर नेता तथा अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की हनोई में दूसरी शिखर वार्ता नाकाम होने के बाद इस पद से हटा दिया गया था.

किम यो जोंग ने वर्ष 2018 में विंटर ओ‍लं‍पिंक खेलों में अपने भाई की जगह पर देश का नेतृत्‍व किया था. इसके बाद उनकी सत्‍तारूढ़ पार्टी में उनकी हैसियत और ज्‍यादा बढ़ गई थी. किम जोंग उन की विदेशों में और उत्‍तर कोरिया के अंदर सार्वजनिक छवि बनाने के पीछे किम यो जोंग का ही दिमाग है. इसके बदले में किम जोंग उन अपनी बहन पर पूरा भरोसा करता है.