Home Health कम्प्यूटर विजन सिंड्रोम क्या होता है, लक्षण और बचाव जानिये

कम्प्यूटर विजन सिंड्रोम क्या होता है, लक्षण और बचाव जानिये

डिवाइसेज के ज्यादा इस्तेमाल की वजह से कम उम्र के बच्चों और युवाओं के आंखों पर बुरा असर पड़ रहा है. डिवाइस से सबसे ज्यादा युवा और बच्चे प्रभावित हो रहे हैं. इस बीमारी की सबसे बडी वजह मोबाइल, कंप्यूटर, लैपटॉप, टीवी इत्यादि है.

स्क्रीन को लगातार देखते रहने से आंखों को ये बीमारी हो जाती है. नेत्र विशेषज्ञों के मुताबिक जो लोग प्रतिदिन 3 घंटे से ज्यादा समय तक रोज कंप्यूटर, मोबाइल, लैपटॉप या टीवी के सामने गुजारते हैं, उन्हें कंप्यूटर विजन सिंड्रोम का खतरा सबसे ज्यादा होता है

Source: Daily hunt

क्यों होता है कंप्यूटर विजन सिंड्रोंम-

स्‍क्रीन को लगातार देखते रहने से लोग आंखों को झपकाना भूल जाते हैं. जिसकी वजह से आंखों में पानी आने लगता है. इसकी वजह से आंखें लाल हो जाती हैं और उनमें जलन होने लगती है.

लैपटॉप का इस्तेमाल करते समय हमेशा सही तरीके से बैठना चाहिए अन्यथा कमर और गर्दन मे दर्द होने लगता है. कम्प्यूटर में काम करते समय चश्मा जरुर पहनना चाहिए. और बीच- बीच में थोड़ा आराम भी करना चाहिए. इससे आंखों को आराम मिलता है. कंप्यूटर स्क्रीन में लगातार देखने कि बजाय अपनी पलकों को भी झपकाते रहें.

कम्प्यूटर विजन सिंड्रोम के लक्षण-

कम्प्यूटर विजन सिंड्रोम के कई लक्षण हो सकते हैं. यदि कंप्यूटर या लैपटॉप पर ज्यादा देर तक काम करते है अथवा मोबाइल पर अधिक समय व्यतीत करते है तो इस प्रकार कि समस्या उत्पन्न हो सकती है. मिसाल के तौर पर-

आखें लाल हो जाना, आंखों में जलन की समस्या, धुंधला दिखाई देना, एक से ज्यादा दिखाई देना, सिर दर्द की समस्या, काम खत्म करने के बाद भी धुंधला दिखाई देना, आंखों से पानी निकलना, आंखों में दर्द के साथ सूजन आदि.