Religion

Kumbh Mela के बारे में रोचक तथ्य जानिये

भारत ही नहीं बल्कि पूरी दुनिया में आयोजित होने वाले सबसे बड़े मेलों में से एक Maha Kumbh को माना जाता है. जिसमें हर बार करोड़ों लोग दूर-दराज से शामिल होने आते हैं. India में महाकुंभ चार पवित्र स्थलों पर आयोजित किया जाता है. आज हम आपको महाकुंभ से जुड़ी कुछ ऐसी रोचक बाते बताएंगे, जिसकी जानकारी आपको होनी बेहद जरूरी है.

Azab Gazab

1. शास्त्रों में कहा गया है कि महाकुंभ के पावन उत्सव में जो भी सम्मलित होकर पवित्र नदी में स्नान करता है उसे सारे जन्मों के पाप से मुक्ति मिलती है.

2. इलाहाबाद, उज्जैन, नासिक और हरिद्वार में Maha Kumbh का आयोजन किया जाता है.

3. Maha Kumbh के पीछे की कथा कि बात करें तो ऐसा माना जाता है कि देवताओं और असुरों के बीच हुए युद्ध में जब राहु और केतु अमृत के कलश को लेकर भागे थे तब अमृत की कुछ बूंदे इन्हीं चार पवित्र स्थानों पर गिरी थी.

Azab Gazab
photo credit-PetaPixel

4. 12 वर्ष में इस उत्सव के आयोजन का विशेष महत्व है, कुंभ 12 तरह के होते हैं, जिसमें से चार धरती पर और आठ देवलोक में हैं, जो सिर्फ देवताओं को ही प्राप्त होते हैं.

5. माघ माह में आयोजित होने वाले Maha Kumbh का आयोजन इलाहाबाद में होता है. प्रयाग में हिंदू धर्म से तीन पावन नदियों का समावेश होता है, जिसमें गंगा, यमुना और सरस्वती एक साथ बहती हैं.

6. अगर हम UNESCO के आंकड़ों के हिसाब से देखें तो यहां पर मौजूद होने वालों की संख्या 10 करोड़ से ज्यादा होती है.

Kumbh
photo credit-The Atlantic Kumbh

7. शाही स्नान हिंदू संतों और नागा साधुओं के स्नान को कहा जाता है, ऐसा माना जाता है कि नागा साधू हिन्दू धर्म के रक्षक होते हैं इसी कारण  शाही स्नान के पहले किसी को भी उस नदी में स्नान की अनुमति नहीं होती.

8. महाकुंभ के दौरान सबसे पहला स्नान नागा साधुओं द्वारा करने के बाद ही आम इंसानों को स्नान करने की अनुमति दी जाती है.

9. इलाहाबाद में हर साल माघ मेले का आयोजन किया जाता है. जो की मकर संक्रांति के दिन से शुरू होकर महा शिवरात्रि तक रहता है. ठीक इसी तरह अर्ध कुम्भ का आयोजन 6 सालों में एक ही बार होता है. जिसके बाद महाकुंभ के आयोजन की मान्यता है जो 12 सालों में एक बार पड़ता है.

त्योहार के मौके पर लोग मोमबत्तियां क्यों जलाते हैं?

Tags
Show More
Close
Close